Hindi Shayari मोहब्बत शायरी शायरिया - प्यार की बात तो क्या, हम शिकायत भी नहीं करेंगे...
तरस जाओगे हमारे लबो से, सुनने को एक एक लफ्ज,
प्यार की बात तो क्या, हम शिकायत भी नहीं करेंगे..!!
.........................
तेरी मोहब्बत कि तलब थी, तो हाँथ फैला दिये हमने,
वरना हम तो अपनी जिन्दगी के लिए भी दुआ नही मागते..!!
.........................
तुम्हारी नफरत पर भी लुटा दी ज़िंदगी हमने,
सोचो अगर तुम मोहब्बत करते तो हम क्या करते..!!
...........................
उंगलियां मेरी वफा पर ना उठाओ लोगों,
जिसे हो शक वो मुझसे मोहब्बत कर के देखे..!!
..........................
ये मोहब्बत है या नफरत कोई इतना तो समझाए,
कभी मैं दिल से लड़ता हूँ कभी दिल मुझ से लड़ता है..!!
........................
तन्हा रहना तो सीख लिया हमने,
लेकिन खुश कभी ना रह पाएंगे,
तेरी दूरी तो फिर भी सह लेता ये दिल,
लेकिन तेरी मोहब्बत के बिना ना जी पाएंगे..!!
तरस जाओगे हमारे लबो से, सुनने को एक एक लफ्ज,
प्यार की बात तो क्या, हम शिकायत भी नहीं करेंगे..!!
.........................
तेरी मोहब्बत कि तलब थी, तो हाँथ फैला दिये हमने,
वरना हम तो अपनी जिन्दगी के लिए भी दुआ नही मागते..!!
.........................
तुम्हारी नफरत पर भी लुटा दी ज़िंदगी हमने,
सोचो अगर तुम मोहब्बत करते तो हम क्या करते..!!
...........................
उंगलियां मेरी वफा पर ना उठाओ लोगों,
जिसे हो शक वो मुझसे मोहब्बत कर के देखे..!!
..........................
ये मोहब्बत है या नफरत कोई इतना तो समझाए,
कभी मैं दिल से लड़ता हूँ कभी दिल मुझ से लड़ता है..!!
........................
तन्हा रहना तो सीख लिया हमने,
लेकिन खुश कभी ना रह पाएंगे,
तेरी दूरी तो फिर भी सह लेता ये दिल,
लेकिन तेरी मोहब्बत के बिना ना जी पाएंगे..!!
Comments
No comments yet. Be the first to comment!
Post a Comment