hindi kavita हिंदी कविता - देश की आन की खातिर जो मिटकर अमर हो जाते है

फर्ज की राह पर जो खुश्बू बनकर बिखर जाते है।
खुशनसीब होते है वो, जो वतन के लिए कुछ कर जाते है।
नाम लिखा जाता है उनका इतिहास के स्वर्णिम पन्नो पर
देश की आन की खातिर जो मिटकर अमर हो जाते है।।


"जयहिन्द"



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